युवती को लगी गोली डॉक्टरों ने ई-रिक्शा में भेजा अस्पताल, जानिए क्या है मामला

आकाश मलिक, मेरठ। शुक्रवार की दोपहर कंकरखेड़ा के पावली गांव में संदिग्ध हालात में गोली लगने से शौच के लिए गई युवती गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद बदहवास परिजन युवती को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। जिसके बाद 108 एंबुलेंस को लेकर किए जाने वाले बड़े-बड़े दावों की उस समय पोल खुल गई। जब एंबुलेंस ना मिलने पर दर्द से तड़पती युवती को मजबूरन परिजनों को ई रिक्शा में मेडिकल ले जाना पड़ा। हालांकि जिला अस्पताल के डॉक्टर इसे खुद युवती के परिजनों का फैसला बताकर अपना पिंड छुड़ा रहे हैं।

दरअसल, पावली खुर्द निवासी सजनदास की 20 वर्षीय पुत्री कामिनी आज दोपहर शौच के लिए जंगल में गई थी। परिजनों का आरोप है कि इसी दौरान किसी अज्ञात व्यक्ति ने कामिनी को गोली मार दी। घटना के बाद बदहवास परिजन कामिनी को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। मगर जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने युवती की हालत गंभीर बताते हुए अपने हाथ खड़े कर दिए और घायल युवती को मेडिकल के लिए रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन घायल युवती को मेडिकल ले जाने के लिए 108 एंबुलेंस की व्यवस्था किए जाने की मांग करते रहे। आरोप है कि इसके बावजूद जिला अस्पताल के डॉक्टरों के कानों पर जूं नहीं रेंगी। जिसके बाद लाचार और मजबूर परिजन दर्द से तड़पती युवती को ई रिक्शा में लेकर मेडिकल के लिए रवाना हो गए। उधर, इस मामले में बात करने पर जिला अस्पताल के डॉक्टर प्रदीप शर्मा ने इस मामले में कोई कोताही बरतने की बात से इंकार कर दिया। उनका कहना है कि घायल युवती के परिजन अपनी मर्जी से उसे ई रिक्शा में लेकर मेडिकल के लिए गए हैं। मगर बड़ा सवाल यह है कि यदि युवती के परिजन अपनी इच्छा से भी उसे खुद ले जाना चाहते थे तो अस्पताल के डॉक्टरों ने आखिर उन्हें अनुमति क्यों दी?

Latest articles

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here